Green Field Highway: उत्तर भारत के चार राज्यों के लिए एक बड़ी राहत भरी खबर है। 1 दिसंबर, 2024 से चंडीगढ़ से दिल्ली का सफर आसान और तेज होने जा रहा है। नया ग्रीनफील्ड हाईवे यात्रियों के लिए खोल दिया जाएगा, जिससे हरियाणा, पंजाब, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर से आने-जाने वाले लाखों वाहन चालकों को लाभ मिलेगा।
खरड़ के जाम से मिलेगी छुट्टी
इस हाईवे के खुलने का सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि मोहाली के खरड़ इलाके में लगने वाले भारी और लंबे ट्रैफिक जाम से वाहन चालकों को हमेशा के लिए मुक्ति मिल जाएगी। एयरपोर्ट से कुराली तक बने इस नए मार्ग से न केवल लोगों का कीमती समय बचेगा, बल्कि वे ईंधन की बचत भी कर पाएंगे।
हाईवे की प्रमुख विशेषताएं
लंबाई: यह हाईवे लगभग 31 किलोमीटर लंबा है।
रूट: यह मोहाली के आईटी चौक से शुरू होकर कुराली तक जाता है और वहाँ से सिसवां-बद्दी रोड से जुड़ जाता है।
लागत: इस हाईवे के निर्माण पर करीब 1,400 करोड़ रुपये की लागत आई है।
परियोजना: यह केंद्र सरकार के भारतमाला प्रोजेक्ट का एक हिस्सा है।
सुविधाएं: हाईवे पर मार्किंग, साइन बोर्ड, ट्रैफिक लाइट और सुरक्षा व्यवस्था लगभग पूरी कर ली गई है। दोनों ओर सर्विस लेन भी बनाई गई हैं ताकि मुख्य सड़क पर यातायात का दबाव कम रहे।
टोल प्लाजा और ट्रायल
टोल प्लाजा: गांव बजहेड़ी में एक नया टोल प्लाजा बनाया जा रहा है।
ट्रायल रन: 29 और 30 नवंबर को इस नए मार्ग पर ट्रायल रन किए जाएंगे ताकि अंतिम तैयारियों को परखा जा सके।
उद्योग और व्यापार को बढ़ावा
इस हाईवे के खुलने से बद्दी, न्यू चंडीगढ़ और मोहाली के औद्योगिक क्षेत्रों के बीच आवागमन बेहद सुगम हो जाएगा। इससे न केवल सामान की ढुलाई आसान होगी, बल्कि क्षेत्र में व्यापार और रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।
इस हाईवे का निर्माण कार्य साल 2022 में शुरू हुआ था, लेकिन 2023 में आई भारी बारिश और बाढ़ ने इसमें देरी कर दी थी। हालाँकि, इंजीनियरों और अधिकारियों ने इन चुनौतियों के बावजूद परियोजना को समय पर पूरा करने में सफलता हासिल की है।











