पंचकूला नगर निगम के सफाई कर्मचारियों की लंबे समय से लंबित मांग आखिरकार पूरी हो गई है। बुधवार को नगर निगम कार्यालय के बाहर आयोजित एक भव्य कार्यक्रम में हरियाणा के शहरी स्थानीय निकाय मंत्री विपुल गोयल ने स्वयं कर्मचारियों को चेक वितरित कर 6 वर्षों के लंबित एरियर का भुगतान किया। यह मांग वर्ष 2017 से लंबित चल रही थी।
करोड़ों रुपये का हुआ भुगतान
इस अवसर पर महापौर कुलभूषण गोयल ने बताया कि पंचकूला नगर निगम के कर्मचारियों के लिए लगभग 7 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया है। साथ ही, कालका नगर परिषद के कर्मचारियों को भी लगभग 1 करोड़ रुपये की राशि प्रदान की गई है। चूंकि कालका नगर परिषद वर्ष 2020 तक नगर निगम का हिस्सा रही थी, इसलिए उस अवधि का बकाया भी कर्मचारियों को दे दिया गया है।
620 कर्मचारियों और 100 परिवारों को मिला लाभ
इस योजना का सीधा लाभ लगभग 620 सफाई कर्मचारियों को मिला है। इसके अलावा, लगभग 100 सेवानिवृत्त कर्मचारियों या दिवंगत कर्मचारियों के परिवारों को भी यह राशि प्रदान की गई है। प्रत्येक कर्मचारी को औसतन 1 लाख से 1.5 लाख रुपये तक का एरियर मिला है, जिससे उनके परिवारों को काफी आर्थिक राहत मिली है।
बच्चों के लिए छात्रवृत्ति योजना की शुरुआत
महापौर ने एक और महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए बताया कि अब कर्मचारियों के बच्चों को भी सहायता दी जाएगी। जिन बच्चों ने 60% या अधिक अंक प्राप्त किए हैं, उन्हें तीन वर्षों तक छात्रवृत्ति दी जाएगी। इस योजना पर नगर निगम लगभग 12 लाख रुपये खर्च करेगा और 37 बच्चों को 30,000 से 50,000 रुपये तक की छात्रवृत्ति प्रदान की जाएगी।
इस कार्यक्रम में विधायक शक्तिरानी शर्मा, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष ज्ञानचंद गुप्ता और नगर निगम के पार्षद भी मौजूद रहे। यह कदम शहर की स्वच्छता में अहम भूमिका निभाने वाले सफाई कर्मचारियों के प्रति सम्मान और उनके कल्याण की दिशा में एक सराहनीय पहल मानी जा रही है।











