Haryana: हरियाणा में स्वास्थ्य सेवाएं होंगी और मजबूत, 296 नई एंबुलेंस जल्द होंगी शामिल

On: April 26, 2026 1:33 PM
Follow Us:

Haryana News: हरियाणा में लगातार बढ़ रहे सड़क हादसों और आपात स्थितियों को देखते हुए राज्य सरकार ने इमरजेंसी स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। अब प्रदेश में एंबुलेंस नेटवर्क को तेज और प्रभावी बनाने के लिए 296 नई एंबुलेंस शामिल की जाएंगी, ताकि हादसे या गंभीर स्थिति में मदद मिनटों में मौके पर पहुंच सके। सरकार का लक्ष्य है कि किसी भी इमरजेंसी कॉल पर एंबुलेंस 10 मिनट से कम समय में पहुंचे।

राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के निदेशक डॉ. वीरेंद्र यादव के अनुसार, ट्रॉमा, हार्ट अटैक और सड़क दुर्घटनाओं जैसे मामलों में हर मिनट बेहद अहम होता है। खासकर हाईवे और शहरी इलाकों में बढ़ती इमरजेंसी कॉल्स को देखते हुए रिस्पॉन्स टाइम कम करना जरूरी हो गया है। उन्होंने बताया कि मार्च में औसत रिस्पॉन्स टाइम 9.29 मिनट रहा, जिसे अब 9 मिनट के आसपास बनाए रखने का प्रयास किया जा रहा है।

नई योजना के तहत 70 एंबुलेंस एडवांस्ड लाइफ सपोर्ट (ALS) से लैस होंगी, जबकि 59 एंबुलेंस आउटसोर्सिंग के जरिए जोड़ी जाएंगी। इसके अलावा 167 बेसिक लाइफ सपोर्ट (BLS) एंबुलेंस की खरीद प्रक्रिया जारी है। फिलहाल राज्य में 550 एंबुलेंस हैं, जिनमें से 210 अपनी निर्धारित उम्र पूरी कर चुकी हैं।

सरकार सात प्रमुख जिलों में एंबुलेंस की संख्या बढ़ाने की तैयारी में है। गुरुग्राम में 27 से बढ़ाकर 35, फरीदाबाद में 20 से 27, पंचकूला में 21 से 27, यमुनानगर में 20 से 25, हिसार में 30 से 33, करनाल में 30 से 31 और सिरसा में 32 से 37 एंबुलेंस तैनात करने का प्रस्ताव है। इससे आपातकालीन सेवाओं की पहुंच और तेज होगी।

नई एंबुलेंस सिर्फ संख्या नहीं बढ़ाएंगी, बल्कि तकनीकी रूप से भी अत्याधुनिक होंगी। इनमें रियल-टाइम GPS ट्रैकिंग, ऑटोमैटिक कॉल-रूटिंग सिस्टम और डायरेक्ट कम्युनिकेशन डिवाइस लगाए जाएंगे। एडवांस्ड लाइफ सपोर्ट एंबुलेंस में कार्डियक मॉनिटर, डिफिब्रिलेटर, ऑक्सीजन सपोर्ट और जरूरी दवाओं जैसी सुविधाएं उपलब्ध होंगी, ताकि मरीज को मौके पर ही प्राथमिक उपचार मिल सके।

इसके साथ ही ड्राइवर, इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन और कॉल सेंटर ऑपरेटरों को विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे कॉल रिसीव होने से लेकर मरीज को अस्पताल पहुंचाने तक की पूरी प्रक्रिया में बेहतर तालमेल सुनिश्चित किया जा सके।

पिछले कुछ वर्षों में एंबुलेंस रिस्पॉन्स टाइम में लगातार सुधार देखा गया है। जहां 2017-18 में औसत समय 16 मिनट था, वहीं 2024-25 में यह घटकर 11 मिनट तक पहुंच गया है। अब सरकार इसे और कम कर सिंगल डिजिट में लाने की दिशा में काम कर रही है, ताकि हरियाणा में इमरजेंसी स्वास्थ्य सेवाएं और अधिक तेज, सुरक्षित और भरोसेमंद बन सकें।

google-site-verification: google37146f9c8221134d.html

वैशाली वर्मा

वैशाली वर्मा पत्रकारिता क्षेत्र में पिछले 3 साल से सक्रिय है। इन्होंने आज तक, न्यूज़ 18 और जी न्यूज़ में बतौर कंटेंट एडिटर के रूप में काम किया है। अब मेरा हरियाणा में बतौर एडिटर कार्यरत है।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Follow Now