पानीपत रेलवे जंक्शन पर शनिवार दोपहर एक बड़ा रेल हादसा एक पुलिस जवान की सूझबूझ और बहादुरी से टल गया। दिल्ली जा रही एक पैसेंजर ट्रेन में चढ़ने के दौरान एक महिला यात्री का पैर प्लेटफॉर्म और चलती ट्रेन के बीच फंसगया। मौके पर मौजूद जीआरपी कॉन्स्टेबल जगरूप सिंह ने तत्काल कार्रवाई करते हुए महिला की जान बचा ली। इस पूरी घटना का वीडियो सीसीटीवी में कैद हुआ, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
क्या हुआ था पूरा मामला?
जानकारी के अनुसार, महिला यात्री गौरी दिल्ली की रहने वाली हैं, जो पानीपत घूमने आई थीं। वह पानीपत से दिल्ली जाने के लिए पैसेंजर ट्रेन में सवार हो रही थीं।
जल्दबाजी में फंसा पैर: ट्रेन के रवाना होने का संकेत मिलते ही, गौरी ने अपना सामान ट्रेन के अंदर रखा। ठीक उसी समय ट्रेन चल पड़ी और जल्दबाजी में चढ़ते समय उनका पैर फिसल गया और ट्रेन और प्लेटफॉर्म के बीच की खाली जगह में फंस गया।
दर्द से चीखती रही महिला: ट्रेन धीरे-धीरे आगे बढ़ रही थी और फंसी हुई महिला दर्द से चीख रही थी, जिससे प्लेटफॉर्म पर मौजूद यात्रियों में हड़कंप मच गया।

पुलिस जवान ने दिखाई सूझबूझ
इस आपात स्थिति में, स्टेशन पर तैनात जीआरपी कॉन्स्टेबल जगरूप सिंह ने बिना एक पल गंवाए दौड़कर महिला का हाथ थाम लिया और उसे सहारा दिया। साथ ही, अन्य जवानों ने तुरंत ट्रेन के ड्राइवर को रुकने का संकेत दिया। उनकी तत्परता के कारण ट्रेन को कुछ ही सेकंड में रोक लिया गया और सभी ने मिलकर महिला को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
इनाम की घोषणा
महिला को मामूली चोटें आईं और उसे अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। कॉन्स्टेबल जगरूप सिंह की इस बहादुरी और तत्परता से प्रभावित होकर रेलवे एसपी नितिका गहलोत ने उन्हें 5000 रुपये के इनाम से सम्मानित करने की घोषणा की है। यह घटना एक बार फिर साबित करती है कि सतर्कता और त्वरित कार्रवाई किसी की जिंदगी बचा सकती है।













