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Haryana Sanitation Workers Strike : सफाई कर्मचारियों की हड़ताल का शनिवार को 31वां दिन है. सफाई कर्मचारियों का कहना है कि हड़ताल सिर्फ कचरा उठाने तक सीमित नहीं है, बल्कि कर्मचारियों को समय पर वेतन नहीं मिलने और उनकी मांगों की अनदेखी से भी नाराजगी है. कर्मचारियों ने सरकार पर मांगों को लेकर अलग-अलग आंकड़े बताकर जनता को गुमराह करने का आरोप लगाया.
सफाई कर्मचारी की हड़ताल जारी.
गुरुग्राम : हरियाणा में सफाई कर्मचारियों की हड़ताल आज दूसरे महीने में प्रवेश कर गई. हड़ताल के कारण शहर के कई रिहायशी इलाकों और बाजारों में कचरे के ढेर लगे हैं. लोगों को गंदगी और बदबू के बीच रहने को मजबूर होना पड़ रहा है. प्रदेश में सफाई व्यवस्था पूरी तरह से चरमा गई है. सरकार लगातार सफाई कर्मचारियों से बातचीत कर रही है. मगर, प्रदर्शनकारी अपनी मांगों पर अड़े हुए हुए हैं. हालांकि, कुछ ठेके पर काम करने वाले कर्मचारी अब भी बारी-बारी से काम कर रहे हैं.
कुछ कर्मचारी अब भी कर रहे काम
सेक्टर-54 की सनसिटी टाउनशिप में 27 साल का एक कॉन्ट्रैक्ट सफाई कर्मचारी अभी भी काम कर रहा है. वह उन कुछ कर्मचारियों में शामिल है, जो हड़ताल के बावजूद हर दूसरे दिन ड्यूटी पर पहुंच रहे हैं. उसका कहना है कि कुछ कॉन्ट्रैक्टर सफाई कर्मचारियों की मजबूरी का फायदा उठा रहे हैं. उसके मुताबिक, हड़ताल की कमी पूरी करने के लिए लाए गए कई कर्मचारियों को भी समय पर वेतन नहीं मिल रहा है.
सोसाइटी ने रखे अतिरिक्त कर्मचारी
सनसिटी टाउनशिप की RWA चेयरपर्सन कुसुम शर्मा ने बताया कि सफाई व्यवस्था बनाए रखने के लिए सोसाइटी ने अतिरिक्त मजदूर रखे हैं. इसके बावजूद कई कर्मचारी नियमित रूप से काम पर नहीं आ रहे हैं. कुछ लोगों का कहना है कि पार्कों और आसपास जमा कचरा समय पर नहीं उठाया जा रहा है.
सेक्टर-56 में भी कचरे के ढेर
सेक्टर-56 में सड़क किनारे और खाली प्लॉटों में घरेलू कचरा जमा हो गया है. यहां के MCG सुपरवाइजर राकेश कुमार ने सफाई व्यवस्था प्रभावित होने के पीछे कॉन्ट्रैक्टर बदलने और कर्मचारियों के भुगतान में देरी को भी वजह बताया. स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले एक महीने में हालात और खराब हुए हैं और खासकर बाजारों के आसपास कचरे के ढेर बढ़ गए हैं.
30 दिन पूरे होने पर कर्मचारियों का प्रदर्शन
शुक्रवार को सफाई और फायर विभाग के सैकड़ों कर्मचारी हड़ताल के 30 दिन पूरे होने पर एकजुट हुए. नगरपालिका कर्मचारी संघ के बैनर तले कर्मचारियों ने प्रदर्शन किया. यूनियन ने शनिवार को कैबिनेट मंत्री और स्थानीय विधायक राव नरबीर सिंह के सिविल लाइंस स्थित आवास तक विरोध मार्च निकालने का ऐलान किया है. साथ ही हरियाणा सरकार पर कर्मचारियों की मांगों को लेकर जनता को गुमराह करने का आरोप लगाया. उनका कहना है कि अलग-अलग मंत्री 12, 13 और 14 मांगें मानने की बात कह रहे हैं, लेकिन सरकार की ओर से अब तक कोई लिखित आदेश या नोटिफिकेशन जारी नहीं किया गया है. कुछ फायर सर्विस कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस और निलंबन के आदेश दिए जाने के बाद कर्मचारियों और सरकार के बीच तनाव और बढ़ गया है.
नियमित नौकरी और बेहतर वेतन की मांग
कर्मचारियों का कहना है कि उन्हें कम वेतन पर कॉन्ट्रैक्ट के आधार पर काम कराया जा रहा है. यूनियन सफाई और सीवर कर्मचारियों की नियमित भर्ती और बेहतर वेतन की मांग कर रही है. कर्मचारियों का सवाल है कि जब दूसरे विभागों में नियमित भर्ती होती है तो सफाई और सीवर कर्मचारियों को लंबे समय तक कॉन्ट्रैक्ट पर क्यों रखा जाता है. यूनियन का कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर लिखित और ठोस फैसला नहीं होता, तब तक हड़ताल जारी रहेगी.
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Kavya Mishra is a Senior Sub Editor at News18 Hindi with over seven years of experience in digital and print journalism. She is part of the regional editorial team, covering Uttar Pradesh, Uttarakhand, Haryana …
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