हरियाणा विधानसभा का बजट सत्र 20 फरवरी से, सीएम नायब सैनी करेंगे पेश, जानिए क्या होगा ख़ास?

On: February 3, 2026 8:29 AM
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मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में सोमवार देर शाम तक चली हरियाणा कैबिनेट मीटिंग में विधानसभा के बजट सत्र की तारीख पर मुहर लग गई। मीटिंग के बाद मुख्यमंत्री नायब सैनी ने जानकारी दी कि हरियाणा विधानसभा का बजट सत्र 20 फरवरी को सुबह 11 बजे शुरू होगा।

वित्त मंत्री के तौर पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी वर्ष 2026-27 का अपना दूसरा बजट पेश करेंगे। पिछला बजट करीब दो लाख पांच करोड़ रुपये का था, जबकि इस बार बजट का आकार सवा दो लाख करोड़ रुपये के आसपास रहने की संभावना है। इस साल होली 4 मार्च को है, ऐसे में सरकार की कोशिश रहेगी कि त्योहार से पहले ही बजट पारित कर दिया जाए। पिछले वर्ष बजट सत्र 7 मार्च से 28 मार्च तक चला था, लेकिन इस बार सत्र की अवधि 20 मार्च तक सीमित रखी जा सकती है।

कैबिनेट मीटिंग में कई अहम नीतिगत फैसलों को भी मंजूरी दी गई। आवासीय क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं को बढ़ावा देने के लिए रिहायशी प्लॉट में नर्सिंग होम खोलने की पॉलिसी को मंजूरी दी गई है। इससे पात्र डॉक्टर कॉलोनियों और सेक्टरों में भी नर्सिंग होम स्थापित कर सकेंगे।

कैबिनेट का सबसे अहम फैसला ग्रुप-डी भर्ती को लेकर रहा। अब ग्रुप-डी के वे पद, जिनमें न्यूनतम योग्यता मैट्रिक या उससे अधिक है, पूरी तरह कॉमन एलिजिबिलिटी टेस्ट (CET) के आधार पर भरे जाएंगे। पुरानी CET (12 जनवरी 2024 वाली, जो 11 जनवरी 2027 तक वैध है) में पास उम्मीदवारों के अंकों को 95 में से प्रतिशत में बदलकर मेरिट लिस्ट तैयार की जाएगी, ताकि पहले से CET पास उम्मीदवारों को किसी तरह का नुकसान न हो।

बता दें कि यह कैबिनेट मीटिंग चंडीगढ़ स्थित सिविल सचिवालय में सोमवार शाम चार बजे शुरू होनी थी, लेकिन फतेहाबाद में घने कोहरे के कारण मुख्यमंत्री नायब सैनी के हेलीकॉप्टर की लैंडिंग नहीं हो सकी। इसके चलते उन्हें हिसार से सड़क मार्ग के जरिए फतेहाबाद जाना पड़ा। करीब दो घंटे की देरी के बाद शाम छह बजे कैबिनेट मीटिंग शुरू हुई, जो देर रात तक चली। यह वर्ष 2026 की दूसरी कैबिनेट मीटिंग थी। इससे पहले 1 जनवरी को मुख्यमंत्री ने पहली कैबिनेट बैठक बुलाई थी।


कैबिनेट मीटिंग के अहम फैसले और उनके फायदे

रिहायशी कॉलोनियों में नर्सिंग होम की अनुमति
हरियाणा सरकार ने लाइसेंसशुदा रिहायशी प्लॉटेड कॉलोनियों में नर्सिंग होम खोलने की पॉलिसी को मंजूरी दी है। योग्य एलोपैथिक और आयुष डॉक्टर, जिनका मेडिकल या आयुष काउंसिल में वैध रजिस्ट्रेशन है और जो IMA में पंजीकृत हैं, अपने रिहायशी प्लॉट पर नर्सिंग होम बना सकेंगे। कन्वर्जन चार्ज देकर प्लॉट का उपयोग बदला जा सकेगा। एक सेक्टर में अधिकतम चार नर्सिंग होम ही बनाए जा सकेंगे।

हाइपर और हाई जोन में न्यूनतम 350 वर्ग गज तथा मीडियम और लो जोन में 250 वर्ग गज क्षेत्रफल में नर्सिंग होम बनाए जा सकेंगे। इसके लिए हाइपर जोन में 10,000 रुपये, हाई में 8,000 रुपये, मीडियम में 6,000 रुपये और लो जोन में 4,000 रुपये प्रति वर्ग गज शुल्क तय किया गया है। इसके अलावा कोई अतिरिक्त EDC या अन्य शुल्क नहीं लगेगा।

नगर एवं ग्राम नियोजन विभाग के शुल्कों में संशोधन
कैबिनेट ने नगर एवं ग्राम नियोजन विभाग के प्रस्ताव को मंजूरी देते हुए 1976 के शहरी क्षेत्र विकास नियम और 1965 के नियंत्रित क्षेत्र नियमों के तहत लगने वाले विभिन्न शुल्कों में संशोधन की अनुमति दी है। इनमें जांच शुल्क, कन्वर्जन फीस, राज्य अवसंरचना विकास शुल्क (SIDC), इंफ्रास्ट्रक्चर ऑगमेंटेशन चार्ज (IAC) और IAC-TOD शामिल हैं। इससे शहरी क्षेत्रों में सड़क, पानी, सीवर और अन्य आधारभूत सुविधाओं के विकास के लिए पर्याप्त फंड उपलब्ध हो सकेगा।

HEEP-2020 की 16 प्रोत्साहन योजनाओं में संशोधन
हरियाणा एंटरप्राइजेज एंड एम्प्लॉयमेंट पॉलिसी-2020 के तहत 16 प्रोत्साहन योजनाओं में संशोधन को मंजूरी दी गई है। अब मौजूदा MSME इकाइयों को इन योजनाओं का लाभ लेने के लिए CLU-NOC की जरूरत नहीं होगी। इससे छोटे और मध्यम उद्योगों को सब्सिडी, ब्याज छूट, गुणवत्ता प्रमाणन और तकनीकी उन्नयन जैसी सुविधाएं आसानी से मिल सकेंगी।

ग्रुप-डी भर्ती पूरी तरह CET आधारित
ग्रुप-डी पदों पर भर्ती के लिए CET को 100 प्रतिशत वेटेज दिया जाएगा। कोई इंटरव्यू या अन्य परीक्षा नहीं होगी। CET का प्रश्न पत्र मैट्रिक स्तर का रहेगा, जिसमें 75 प्रतिशत सामान्य विषय और 25 प्रतिशत हरियाणा से संबंधित विषय शामिल होंगे। पुरानी CET पास उम्मीदवारों को भी नई भर्तियों में बराबर का अवसर मिलेगा।

पलवल में पार्किंग और कमर्शियल कॉम्प्लेक्स को मंजूरी
कैबिनेट ने राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के प्रस्ताव को मंजूरी देते हुए पलवल नगर परिषद को पार्किंग स्थल और कार्यालय-सह-व्यावसायिक परिसर के निर्माण के लिए सरकारी भूमि हस्तांतरित करने की स्वीकृति दी है। 9944 वर्ग गज भूमि कलेक्टर दरों पर पलवल नगर परिषद को सौंपी जाएगी, जिससे शहर में पार्किंग समस्या कम होगी और प्रशासनिक सुविधाएं बेहतर होंगी।

वैशाली वर्मा

वैशाली वर्मा पत्रकारिता क्षेत्र में पिछले 3 साल से सक्रिय है। इन्होंने आज तक, न्यूज़ 18 और जी न्यूज़ में बतौर कंटेंट एडिटर के रूप में काम किया है। अब मेरा हरियाणा में बतौर एडिटर कार्यरत है।

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