अभय चौटाला ने सरकार को दी चेतावनी, ₹3200 बुढ़ापा पेंशन की मांग, कर दिया बड़ा ऐलान

On: February 3, 2026 7:14 PM
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अभय चौटाला ने सरकार को दी चेतावनी, ₹3200 बुढ़ापा पेंशन की मांग, कर दिया बड़ा ऐलान

इंडियन नेशनल लोकदल के सुप्रीमो चौधरी अभय सिंह चौटाला ने मंगलवार को हिसार में पार्टी कार्यकर्ताओं की अहम बैठक लेकर प्रदेश की भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला। बैठक के दौरान उन्होंने बुजुर्गों की बुढ़ापा पेंशन, युवाओं के रोजगार, नशे की बढ़ती समस्या और किसानों के ज्वलंत मुद्दों को लेकर सरकार की नीतियों को जनविरोधी बताया। अभय चौटाला ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यदि सरकार ने उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं किया तो 20 फरवरी को पंचकूला में राज्य-स्तरीय विशाल और जोरदार विरोध प्रदर्शन किया जाएगा।

चौधरी अभय सिंह चौटाला ने कहा कि जननायक चौधरी देवीलाल ने बुजुर्गों के सम्मान और स्वाभिमान के लिए बुढ़ापा पेंशन योजना की शुरुआत की थी, लेकिन वर्तमान भाजपा सरकार ने आय सीमा और जटिल नियमों के नाम पर इस योजना को कमजोर कर दिया है। उन्होंने दावा किया कि सरकार की नीतियों के कारण प्रदेश के करीब 75 हजार बुजुर्ग पेंशन से वंचित हो चुके हैं। इनेलो सुप्रीमो ने सरकार से मांग की कि नवंबर 2026 से सभी पात्र बुजुर्गों को ₹3200 प्रतिमाह बुढ़ापा पेंशन दी जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने इस मांग को नजरअंदाज किया तो पंचकूला में होने वाले आंदोलन की पूरी जिम्मेदारी सरकार की होगी।

बैठक में अभय चौटाला ने युवाओं से जुड़े मुद्दों पर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि प्रदेश का युवा रोजगार के अभाव में निराश है और नशे जैसी सामाजिक बुराइयों की चपेट में आ रहा है। इनेलो युवाओं को रोजगार दिलाने और नशे से दूर रखने के लिए ठोस और जमीनी स्तर की रणनीति के साथ आगे बढ़ रही है। उन्होंने हाल ही में संपन्न हुए पार्टी के युवा सम्मेलन का जिक्र करते हुए कहा कि उसमें युवाओं की अभूतपूर्व भागीदारी प्रदेश में आने वाले राजनीतिक बदलाव का साफ संकेत है।

पर्यावरण और सौर ऊर्जा परियोजनाओं के नाम पर किसानों की जमीन को लेकर उठ रहे विवाद पर भी इनेलो सुप्रीमो ने गहरी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि राजस्थान में जिस तरह सोलर प्रोजेक्ट्स के नाम पर किसानों की जमीनों को लेकर संकट खड़ा हुआ है, वैसी ही स्थिति हरियाणा में बनाने की कोशिश की जा रही है। अभय चौटाला ने साफ किया कि इनेलो सौर ऊर्जा के विरोध में नहीं है, लेकिन उपजाऊ कृषि भूमि को कॉर्पोरेट घरानों को सौंपने के किसी भी प्रयास का पार्टी पुरजोर विरोध करेगी।

किसानों की समस्याओं को लेकर भी बैठक में सरकार पर गंभीर आरोप लगाए गए। इनेलो नेताओं ने कहा कि इस समय प्रदेश का किसान रबी फसल के लिए डीएपी और यूरिया खाद की भारी किल्लत से जूझ रहा है। पिछली फसलों का मुआवजा अब तक किसानों को नहीं मिला है और मंडियों में एमएसपी की गारंटी न होने के कारण किसानों का आर्थिक शोषण हो रहा है। पार्टी ने ऐलान किया कि इन मुद्दों को लेकर गांव-गांव और जिले-जिले में आंदोलन को और तेज किया जाएगा।

इस बैठक में इनेलो के कई वरिष्ठ नेता और पदाधिकारी मौजूद रहे। प्रदेश अध्यक्ष रामपाल माजरा, पूर्व मंत्री सम्पत सिंह, पूर्व मंत्री शेर सिंह बड़सामी, डबवाली विधायक आदित्य सिंह चौटाला, महिला प्रदेश अध्यक्ष सुनैना चौटाला, राष्ट्रीय संगठन सचिव उम्मेद सिंह लोहान, प्रकाश भारती, जसबीर सिंह ढिल्लों, सतबीर सिंह सिसाय सहित सभी जिला प्रधान, विभिन्न प्रकोष्ठों के संयोजक, हिसार जिले के सभी हलका प्रधान, जिला कार्यकारिणी के सदस्य और जिला प्रवक्ता विनोद कसवां एडवोकेट बैठक में शामिल हुए। बैठक के जरिए इनेलो ने साफ संकेत दे दिया है कि आने वाले दिनों में सरकार के खिलाफ आंदोलन और तेज होगा।

वैशाली वर्मा

वैशाली वर्मा पत्रकारिता क्षेत्र में पिछले 3 साल से सक्रिय है। इन्होंने आज तक, न्यूज़ 18 और जी न्यूज़ में बतौर कंटेंट एडिटर के रूप में काम किया है। अब मेरा हरियाणा में बतौर एडिटर कार्यरत है।

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