Haryana News: बिजली निजीकरण पर दुष्यंत चौटाला का सरकार पर हमला, 25 साल के ठेके पर उठाए सवाल

On: October 24, 2026 1:58 AM
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Haryana News: हरियाणा के पूर्व डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला ने राज्य सरकार द्वारा गुरुग्राम और नूंह में निजी हाथों में बिजली आपूर्ति का लाइसेंस देने के मामले में शासन को पूरी तरह से संशय के कटघरे में खड़ा किया है। उन्होंने कहा कि बिजली प्राधिकरण की ओर से निजी कंपनी को आगामी 25 साल के लिए गुरुग्राम व नूंह दोनों जिलों में बिजली वितरण के लिए ठेके दिए गए। उन्होंने कहा कि यह मामला उस समय और अधिक संवेदनशील तब हो जाता है जब निजी कंपनी की वित्तीय हालत ऑन रिकॉर्ड सही नहीं बताई जा रही।

पूर्व डिप्टी सीएम ने कहा कि सबसे बड़ा सवाल यह है कि गुरुग्राम नूंह जिले से दक्षिण हरियाणा विद्युत निगम के राजस्व रिकॉर्ड में लगभग 50 फीसदी राजस्व उपरोक्त जिलों से आता है। सर्वाधिक लाभ कमाने वाले इन जिलों में ही यह फिर यह ठेका क्यों दिया गया? उन्होंने कहा कि यह निजी कंपनी बिजली वितरण के लिए निगम का ही इंफ्रास्ट्रक्चर का उपयोuग करेगी। पूर्व डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला ने कहा कि निजी कंपनी को यह कार्य सौंपने का अर्थ है कि हरियाणा के युवाओं के लिए रोजगार के द्वार बंद होना। इस निर्णय से बिजली निगम में युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पूरी तरह से समाप्त हो जाएंगे। उन्होंने वर्तमान स्थितियों पर चिंता जाहिर करते हुए कहा कि सरकार की हठधर्मिता व उदासीनता से आज पिछले 24 घंटों में लोगों को घरों में पानी नसीब नहीं हो रहा। इतना ही नहीं उद्योग धंधे, कारखाने बंद पड़े हैं। अस्पतालों में बिजली गुल है मरीजों का बुरा हाल है और उनके ऑपरेशन तक रुके हुए हैं। ऐसे में राज्य सरकार तमाशबीन बनी हुई है।

अनिल विज को दुष्यंत चौटाल दी सलाह

पूर्व डिप्टी सीएम ने कहा कि एक ओर प्रदेश के बिजली मंत्री प्रदेश निगम कर्मियों के हितैषी होने की बात कहते हैं, तो उन्हें प्राधिकरण की ओर से लिए गए। इस निर्णय के विरोधस्वरूप अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए। जेजेपी का रूख स्पष्ट करते हुए उन्होंने कहा कि पूरी पार्टी निगम कर्मचारियों के साथ खड़ी है और वह कर्मचारियों के साथ उनके आंदोलन में हर स्तर पर सहयोग करेगी। सरकार ने निजी हाथों में ठेका सौंपकर निगम के योग्य कर्मचारियों की दक्षता को चुनौती देने का काम किया है जो दुर्भाग्यपूर्ण व निंदनीय है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार को इलेक्ट्रिसिटी एक्ट 2003 के प्रावधानों के तहत अविलंब सिविल कोर्ट की सहायता से इस लाइसेंस को रद्द करवाना चाहिए।

भाजपा पर लगाए गंभीर आरोप

दुष्यंत चौटाला ने कहा कि दिल्ली में ऐसे निर्णयों की पृष्ठभूमि में देखा गया है कि निजी कंपनियों ने आमजन को सुविधाएं कम और महंगे रेट पर बिजली उपलब्ध करवाई है जो सीधे सीधे आमजन से छलावा सिद्ध हुआ है। अब एक बार फिर हरियाणा की भाजपा सरकार ने हरियाणा के लोगों को भी महंगे दामों पर बिजली उपलब्ध करवाने का निर्णय लिया है जिसका जेजेपी परिवार पुरजोर विरोध करता है। उन्होंने कहा कि दिल्ली में बिजली वितरण का कार्य निजी कंपनियों को देने के बाद यह दूसरा अवसर है जब हरियाणा में यह निर्णय लिया गया है।

वैशाली वर्मा

वैशाली वर्मा पत्रकारिता क्षेत्र में पिछले 3 साल से सक्रिय है। इन्होंने आज तक, न्यूज़ 18 और जी न्यूज़ में बतौर कंटेंट एडिटर के रूप में काम किया है। अब मेरा हरियाणा में बतौर एडिटर कार्यरत है।

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