हरियाणा के सिरसा जिले के गांव रोड़ी में स्थित राजकीय प्राथमिक पाठशाला (GPS) में टीचर को डेपुटेशन पर भेजे जाने के विरोध में ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। आक्रोशित ग्रामीणों ने बुधवार सुबह स्कूल के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया और धरने पर बैठ गए। करीब ढाई घंटे तक चले इस विरोध प्रदर्शन के बाद शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने टीचर का डेपुटेशन रद्द कर उन्हें वापस स्कूल में तैनात करने का आश्वासन दिया, जिसके बाद ग्रामीणों ने ताला खोला।
सुबह 8 बजे से 10:30 बजे तक चला प्रदर्शन
जानकारी के अनुसार, ग्रामीण सुबह 8 बजे ही स्कूल गेट पर एकत्र हो गए थे और मुख्य द्वार पर ताला लगाकर वहीं धरने पर बैठ गए। ग्रामीणों का स्पष्ट कहना था कि स्कूल में पहले से ही शिक्षकों की भारी कमी है, ऐसे में यहां से किसी भी शिक्षक को दूसरे स्कूल में नहीं भेजा जाना चाहिए।
200 बच्चों पर बचे थे केवल 3 शिक्षक
ग्रामीण वकील सिंह ने बताया कि रोड़ी के राजकीय प्राथमिक विद्यालय में पहली से पांचवीं कक्षा तक करीब 200 विद्यार्थी पढ़ाई कर रहे हैं।
स्कूल में अध्यापकों के कुल 7 पद स्वीकृत हैं, जिनमें से 2 पद पहले से खाली पड़े हैं।
वर्तमान में 5 शिक्षक कार्यरत हैं, लेकिन इनमें से भी 1 शिक्षक पिछले दो महीने से एसआईआर (SIR) ड्यूटी पर चल रहे हैं।
विभाग ने बचे हुए 4 शिक्षकों में से एक अन्य शिक्षक को गांव कुरंगावाली के स्कूल में डेपुटेशन पर भेज दिया।
अधिकारियों के आश्वासन पर खुला ताला
स्कूल में सिर्फ 3 शिक्षक रह जाने से बच्चों की पढ़ाई ठप होने की कगार पर पहुंच गई थी। ग्रामीणों के कड़े रुख को देखते हुए शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर बातचीत की और डेपुटेशन पर भेजे गए टीचर को वापस रोड़ी स्कूल में ही रखने का फैसला लिया। इसके बाद सुबह करीब 10:30 बजे ग्रामीणों ने धरना समाप्त किया।









