फरीदाबाद: आजकल ज्यादातर लोग ट्रेन का टिकट ऑनलाइन बुक करते हैं. कई बार किसी कारण से यात्रा रद्द करनी पड़ती है और यात्री टिकट कैंसिल कर देते हैं. लेकिन टिकट कैंसिल करने के बाद भी अगर खाते में पैसे वापस नहीं आते हैं, तो लोग परेशान हो जाते हैं. ऐसे में सवाल उठता है कि आखिर रिफंड नहीं मिलने पर कहां शिकायत करें और रेलवे सुनवाई नहीं करे तो क्या कानूनी रास्ता अपनाया जा सकता है. इस बारे में फरीदाबाद सेक्टर-12 कोर्ट के एडवोकेट मोहन तिवारी ने Local18 से बातचीत में जानकारी दी.
IRCTC पर सबसे पहले दर्ज कराएं शिकायत
मोहन तिवारी बताते हैं कि अगर किसी यात्री ने IRCTC के माध्यम से ऑनलाइन टिकट बुक किया है और टिकट कैंसिल करने के बाद रिफंड नहीं मिलता है, तो सबसे पहले उसी प्लेटफॉर्म पर शिकायत करनी चाहिए. टिकट कैंसिल करते समय रेलवे के नियमों और शर्तों का ध्यान रखना जरूरी है. रिफंड कब और कितना मिलेगा, यह टिकट की स्थिति और कैंसिलेशन के नियमों पर निर्भर करता है. आमतौर पर रिफंड उसी माध्यम से वापस आता है, जिससे टिकट का भुगतान किया गया था.
निर्धारित समय में रिफंड नहीं मिले तो क्या करें?
मोहन तिवारी बताते हैं कि अगर टिकट कैंसिल करने के बाद निर्धारित समय में पैसे वापस नहीं आते हैं, तो यात्री IRCTC पर शिकायत दर्ज करा सकते हैं. इसके बाद भी समस्या का समाधान नहीं होता है, तो संबंधित रेलवे अधिकारियों से संपर्क करना चाहिए. शिकायत करते समय टिकट बुकिंग और कैंसिलेशन से जुड़ी जानकारी अपने पास रखना जरूरी है.
रिफंड की शिकायत के लिए संभालकर रखें ये दस्तावेज
मोहन तिवारी बताते हैं कि रिफंड से जुड़े मामले में कुछ दस्तावेज संभालकर रखने चाहिए. इनमें टिकट की रसीद, बुकिंग और कैंसिलेशन का मैसेज, ईमेल और भुगतान से जुड़ी जानकारी शामिल है. अगर पैसे बैंक खाते या UPI के माध्यम से दिए गए हैं, तो उससे जुड़े लेनदेन का रिकॉर्ड भी अपने पास रखें. इन दस्तावेजों से शिकायत करते समय अपनी बात रखने में मदद मिलती है.
रेलवे सुनवाई नहीं करे तो उपभोक्ता आयोग में करें शिकायत
मोहन तिवारी बताते हैं कि अगर रेलवे या संबंधित प्लेटफॉर्म पर शिकायत करने के बाद भी सुनवाई नहीं होती है, तो यात्री उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम, 2019 के तहत उपभोक्ता आयोग का दरवाजा खटखटा सकते हैं. इसके लिए टिकट, भुगतान, कैंसिलेशन और पहले की गई शिकायतों से जुड़े दस्तावेज काम आ सकते हैं. यात्री को अपनी शिकायत के समर्थन में जरूरी सबूत रखने चाहिए.
मोहन तिवारी का कहना है कि टिकट कैंसिल करने के बाद रिफंड नहीं मिलने पर यात्री को परेशान होकर बैठने के बजाय पहले संबंधित प्लेटफॉर्म पर शिकायत करनी चाहिए. अगर वहां समाधान नहीं मिलता है, तो रेलवे अधिकारियों से संपर्क करने और जरूरत पड़ने पर उपभोक्ता आयोग में शिकायत करने का रास्ता अपनाया जा सकता है.










