चंडीगढ़: हरियाणा सरकार ने गैर-जरूरतमंद परिवारों को सब्सिडी वाले राशन से बाहर करने की कार्रवाई तेज कर दी है। राज्य के खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, पिछले 6 महीनों में कुल 11 लाख 83 हजार 970 BPL (गरीबी रेखा से नीचे) राशन कार्डरद्द किए गए हैं। सिर्फ अक्टूबर और नवंबर 2025 में ही 4 लाख 73 हजार 247 कार्ड काटे गए, जिससे लगभग 12.89 लाख लोगप्रभावित हुए हैं।
विभाग के मुताबिक इन सभी परिवारों की वार्षिक आय 1.80 लाख रुपये से ज्यादा पाई गई थी और साथ ही सालाना बिजली बिल भी 30 हजार से ज्यादा आया था। साथ में 400 गज से ज्यादा बड़ी जमीन रजिस्ट्री और दोपहिया और चारपहिया वाहन भी घर में है, इसलिए उनका नाम BPL सूची से हटा दिया गया।
नवंबर 2025 तक हरियाणा में BPL कार्डधारक परिवारों की संख्या घटकर 40 लाख 66 हजार 770 रह गई है। पिछले 2 महीनों में 4 लाख 73 हजार 247 BPL राशन कार्ड सरकार द्वारा रद्द किए गए है, जिससे करीब 12.89 लाख लोगों को इसका असर झेलना पड़ा है। अप्रैल में पूरे प्रदेशभर में BPL परिवारों की संख्या 52 लाख 50 हजार से अधिक थी।
वहीं नवंबर महीने 1 लाख 45 हजार 44 BPL कार्ड धारकों को लिस्ट से बाहर किया गया है, जिससे उनके परिवार के 5 लाख 38 हजार 262 लोग प्रभावित हुए। इसी प्रकार अक्टूबर महीने 3 लाख 28 हजार 203 BPL कार्ड धारकों को लिस्ट से बाहर किया गया है, जिससे उनके परिवार के 7 लाख 51 हजार 17 लोग प्रभावित हुए।
इन कारणों से काटे गए राशन कार्ड
विभाग के अनुसार, इन परिवारों के राशन कार्ड निम्नलिखित कारणों से रद्द किए गए:
वार्षिक आय 1.80 लाख रुपये से अधिक पाई गई
सालाना बिजली बिल 30,000 रुपये से अधिक आया
400 गज से ज्यादा जमीन की रजिस्ट्री
घर में दोपहिया या चार पहिया वाहन की उपलब्धता
नवंबर तक आंकड़े
नवंबर 2025 तक हरियाणा में BPL कार्डधारक परिवारों की संख्या घटकर 40 लाख 66 हजार 770 रह गई है, जबकि अप्रैल में यह संख्या 52 लाख 50 हजार से अधिक थी। नवंबर महीने में अकेले 1.45 लाख कार्ड रद्द किए गए, जबकि अक्टूबर में 3.28 लाख कार्ड काटे गए।
जिलावार रद्द कार्ड (अक्टूबर-नवंबर)
फरीदाबाद: 44,575
गुरुग्राम: 36,036
हिसार: 34,731
सिरसा: 26,005
सोनीपत: 25,574
करनाल: 27,219
भिवानी: 23,325
जींद: 22,382
पानीपत: 21,101
विभाग का कहना है कि यह प्रक्रिया आगे भी जारी रहेगी ताकि केवल वास्तव में पात्र परिवारों को ही सस्ता राशन उपलब्ध कराया जा सके और सरकारी सहायता सही लोगों तक पहुंचे।













