School Wintter Holiday: उत्तर भारत में जारी कड़ाके की ठंड, कोल्ड वेव और घने कोहरे के चलते कई राज्यों की सरकारों ने स्कूलों की छुट्टियां बढ़ाने का फैसला किया है। मौसम विभाग की चेतावनियों और बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन और राज्य सरकारों ने यह कदम उठाया है।
सरकारी आदेश के अनुसार, बच्चों और स्कूल स्टाफ की सेहत और सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए कई राज्यों में सरकारी, एडेड, मान्यता प्राप्त और निजी स्कूलों में 16 जनवरी तक अवकाश रहेगा। इसके बाद स्कूल 17 जनवरी 2026 से फिर से खुलेंगे। हालांकि कुछ राज्यों और जिलों में कक्षाओं के अनुसार अलग-अलग आदेश जारी किए गए हैं।
घने कोहरे और लगातार गिरते तापमान के बीच उत्तर प्रदेश, दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, बिहार, झारखंड, राजस्थान, मध्य प्रदेश, जम्मू-कश्मीर और तेलंगाना समेत कई राज्यों में स्कूल बंद रखने के निर्देश दिए गए हैं।
राज्यवार जानिए स्कूल कब खुलेंगे
उत्तर प्रदेश
गौतम बुद्ध नगर (नोएडा, ग्रेटर नोएडा):
कक्षा 8 और उससे ऊपर के सभी स्कूल 15 जनवरी 2026 तक बंद रहेंगे। यह आदेश CBSE, ICSE, यूपी बोर्ड समेत सभी मान्यता प्राप्त स्कूलों पर लागू होगा।
आगरा:
सभी बोर्डों से जुड़े कक्षा 12 तक के स्कूल 12 जनवरी तक बंद रहेंगे।
लखनऊ:
प्री-प्राइमरी से कक्षा 8 तक 10 जनवरी तक अवकाश।
कक्षा 9 से 12 तक स्कूल का समय सुबह 10 बजे से 3 बजे तक रहेगा।
झारखंड
रांची:
ठंड के कारण कक्षा 6 तक के स्कूल 14 जनवरी तक बंद।
कक्षा 7 से 12 तक की पढ़ाई सुबह 10 बजे से शुरू होगी।
तेलंगाना
संक्रांति पर्व की छुट्टियां 16 जनवरी 2026 तक बढ़ा दी गई हैं।
स्कूल 17 जनवरी 2026 से खुलेंगे।
पंजाब
मुख्यमंत्री भगवंत मान के निर्देशानुसार सभी सरकारी, निजी और मान्यता प्राप्त स्कूल 13 जनवरी तक बंद रहेंगे।
स्कूल 14 जनवरी से खुलेंगे।
हरियाणा
राज्य में 1 से 15 जनवरी 2026 तक शीतकालीन अवकाश घोषित किया गया है।
स्कूल 16 जनवरी से खुलेंगे।
दिल्ली
दिल्ली शिक्षा निदेशालय के अनुसार 1 से 15 जनवरी 2026 तक विंटर वेकेशन रहेगा।
स्कूल 16 जनवरी से खुलेंगे।
मध्य प्रदेश
भोपाल में स्कूल बंद नहीं हैं, लेकिन नर्सरी से कक्षा 8 तक स्कूल का समय सुबह 9:30 बजे के बाद निर्धारित किया गया है।
जम्मू-कश्मीर
कश्मीर घाटी और शीतकालीन क्षेत्रों में कक्षा 8 तक के स्कूल 1 मार्च 2026 से खुलेंगे।
बोर्ड कक्षाओं की पढ़ाई 22 फरवरी 2026 से शुरू होगी।
विशेष सलाह
मौसम विभाग की चेतावनी और लगातार गिरते तापमान को देखते हुए प्रशासन ने एहतियातन यह फैसला लिया है। अभिभावकों और छात्रों को सलाह दी गई है कि वे अपने जिले की आधिकारिक वेबसाइट, जिला प्रशासन या स्कूल प्रबंधन से नियमित रूप से अपडेट लेते रहें।











