इंडियन नेशनल लोकदल (इनेलो) ने हरियाणा में 14 लाख पीले राशन कार्ड रद्द किए जाने के मुद्दे को जोर-शोर से उठाने की घोषणा की है। अभय सिंह चौटाला ने कहा कि उनकी पार्टी इस मामले को विधानसभा से लेकर सड़क तक उठाएगी।
टोहाना में अपने भांजे कुणाल करण सिंह के निवास पर पत्रकारों से बातचीत करते हुए चौटाला ने राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि ये राशन कार्ड गलत तरीके से बनाए गए थे तो सरकार ने पहले इन्हें जारी क्यों किया? और यदि विधिवत जारी किए गए थे, तो अब इन्हें रद्द करने का क्या आधार है?
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि जब गरीब आदमी सड़कों पर उतरने को मजबूर होगा, तभी सरकार को अपनी गलती का एहसास होगा।
बुजुर्गों की पेंशन पर भी घेरा
इनेलो सुप्रीमो ने दावा किया कि उनकी पार्टी ने पहले भी बुजुर्गों की पेंशन बढ़वाने और समय पर दिलवाने के लिए सरकार पर दबाव बनाया था। उन्होंने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि वह बुजुर्ग पेंशन का श्रेय लेने की कोशिश कर रही है, जबकि सच्चाई प्रदेश की जनता जानती है।
अभय चौटाला ने कहा कि आगामी विधानसभा सत्र में इनेलो मुख्यमंत्री के उस बयान पर जवाब मांगेगी, जिसमें 1 लाख 5 हजार बुजुर्गों की पेंशन काटने का कारण उनकी मृत्यु बताया गया था। इनेलो विधायक सरकार से ऐसे मृत बुजुर्गों की नाम सहित सूची सार्वजनिक करने की मांग करेंगे।
बजट पर भी साधा निशाना
बजट सत्र को लेकर भी चौटाला ने सरकार को घेरा। उन्होंने आरोप लगाया कि हर बार सरकार प्रदेश पर कर्ज का बोझ बढ़ाती है और इस बार यह आंकड़ा 4 लाख करोड़ रुपये से अधिक पहुंच सकता है। उन्होंने कहा कि ऐसे बजट से प्रदेश के विकास की उम्मीद करना मुश्किल है।
इंडियन नेशनल लोकदल ने साफ किया है कि राशन कार्ड और पेंशन से जुड़े मुद्दों पर वह विधानसभा के भीतर और बाहर दोनों जगह आवाज बुलंद करेगी।













