Haryana Weather Alert: हरियाणा में आज से मौसम एक बार फिर करवट लेने जा रहा है। पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होते ही प्रदेश में ठंड, बारिश और तेज हवाओं का दौर शुरू होने वाला है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) चंडीगढ़ ने 22 जनवरी से 24 जनवरी तक राज्य के कई जिलों में भारी बारिश, ओलावृष्टि और तेज हवाओं को लेकर चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले तीन दिन हरियाणा के लिए बेहद संवेदनशील रहने वाले हैं।
मौसम केंद्र चंडीगढ़ ने बताया कि 22 जनवरी को प्रदेश में मौसम की पहली बड़ी हलचल देखने को मिलेगी। इसे देखते हुए अंबाला, पंचकुला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, कैथल और सिरसा जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है। इन जिलों में तेज बारिश के साथ ओलावृष्टि की भी संभावना जताई गई है, जिससे किसानों और आम जनजीवन को नुकसान पहुंच सकता है।
मौसम विभाग के अनुसार इस दौरान केवल बारिश ही नहीं होगी, बल्कि 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलेंगी। कुछ स्थानों पर हवाओं के झोंके 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं। इससे पेड़ों के गिरने, बिजली लाइनों के प्रभावित होने और कच्ची छतों को नुकसान पहुंचने की आशंका बनी हुई है। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है।
पश्चिमी विक्षोभ के असर से प्रदेश में तापमान के मिजाज में भी बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। बादल छाए रहने के कारण न्यूनतम तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी होने की संभावना है, जिससे रात की कड़ाके की ठंड से कुछ राहत मिलेगी। हालांकि बारिश और ठंडी हवाओं के कारण दिन के तापमान में गिरावट दर्ज की जाएगी। सूरज न निकलने की स्थिति में कई जिलों में ‘कोल्ड डे’ जैसे हालात बन सकते हैं, जिससे दिन में ठिठुरन और बढ़ेगी।
तापमान के आंकड़ों पर नजर डालें तो बीते दिन राज्य के औसत अधिकतम तापमान में 2.2 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई है और यह सामान्य से करीब 3.6 डिग्री अधिक बना हुआ है। प्रदेश में पलवल (AWS) सबसे गर्म स्थान रहा, जहां अधिकतम तापमान 25.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं चंडीगढ़ शहर का अधिकतम तापमान 24.0 डिग्री सेल्सियस रहा।

इसके उलट रात के तापमान में गिरावट देखी गई है। राज्य के औसत न्यूनतम तापमान में करीब 1 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आई है और यह अब सामान्य के आसपास पहुंच गया है। सबसे कम तापमान सोनीपत (कनाल रेस्ट हाउस, सरगथल AWS) में 4.0 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि हिसार में भी पारा गिरकर 4.3 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जिससे रात में कड़ाके की ठंड महसूस की गई।
मौसम विभाग ने किसानों को भी सतर्क रहने की सलाह दी है, क्योंकि बारिश और ओलावृष्टि से खड़ी फसलों को नुकसान पहुंच सकता है। आने वाले दिनों में हरियाणा में मौसम का यह बदला हुआ रूप आम जनजीवन के साथ-साथ यातायात और कृषि पर भी असर डाल सकता है।












