Haryana News: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने जींद के गांव उझाना में आयोजित श्री श्री 1008 सिद्ध बाबा खाक नाथ जी के नवनिर्मित समाधि स्थल पर मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा समारोह में बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। इस दौरान मुख्यमंत्री ने पूजा-अर्चना कर संत परंपरा और आध्यात्मिक विरासत को नमन किया।
समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि गांव उझाना की इस पावन तपोभूमि पर आकर उनका मन श्रद्धा, खुशी और आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया है। उन्होंने कहा कि श्री श्री 1008 सिद्ध बाबा खाक नाथ जी के समाधि स्थल पर आयोजित मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में शामिल होना उनके लिए सौभाग्य का विषय है।
मुख्यमंत्री ने उपस्थित सभी संत-महात्माओं, महंतों और धर्माचार्यों को प्रणाम करते हुए कहा कि आज का दिन सनातन परंपरा, आध्यात्मिक चेतना और सांस्कृतिक विरासत के पुनर्जागरण का उत्सव है। उन्होंने कहा कि गुरु गोरक्षनाथ जी ने तप, त्याग, योग, सेवा और राष्ट्र धर्म का संदेश जन-जन तक पहुंचाया। उन्होंने कहा कि गांव उझाना का यह पावन मठ लगभग 600 वर्षों से करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र बना हुआ है। नाथ संप्रदाय के 8 मानधारी पीरों में इस मठ को मिला सम्मान इसकी आध्यात्मिक गरिमा और ऐतिहासिक महत्व को दर्शाता है। मुख्यमंत्री ने वर्तमान महंत श्री राजनाथ जी महाराज की सेवाओं की भी सराहना की और कहा कि वर्ष 2004 से वे इस पवित्र धाम की सेवा कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने मठ की गौशाला को भारतीय संस्कृति की करुणा और संवेदना का जीवंत प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि हरियाणा की धरती हमेशा से संत-महात्माओं की भूमि रही है, जो समाज को कर्म योग और सेवा का संदेश देती है।
सीएम नायब सैनी ने कहा कि आज जरूरत है कि बच्चों को आधुनिक शिक्षा के साथ-साथ संस्कारों की शिक्षा भी दी जाए, ताकि वे देश और समाज के निर्माण में अपनी अहम भूमिका निभा सकें। उन्होंने श्री श्री 1008 सिद्ध बाबा खाक नाथ जी से सभी पर कृपा बनाए रखने की प्रार्थना की।









