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Gold Silver Rakhi Ambala : अंबाला में इस बार सोने और चांदी की राखियां आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं. सराफा बाजार में एक से बढ़कर एक डिजाइन वाली राखियां तैयार की गई हैं. ‘ॐ’ और ‘श्री राम’ लिखी राखी की काफी डिमांड है. बहनें स्वास्तिक वाली राखियां भाइयों की लंबी आयु के लिए खरीद रही हैं. लोकल 18 से सर्राफ विशाल वर्मा बताते हैं कि सोने की राखियां 3 ग्राम से 10 ग्राम तक के वजन में उपलब्ध हैं. धार्मिक डिजाइन वाली राखियों को लोग शुभ मानते हुए खरीद रहे हैं. व्यापारियों का कहना है कि बहनें अपने भाइयों के लिए कुछ अलग और यादगार खरीदना चाहती हैं, इसलिए सोने-चांदी की राखियों की मांग बनी हुई है.
अंबाला. भाई-बहन के पवित्र रिश्ते का त्योहार रक्षाबंधन जैसे-जैसे नजदीक आ रहा है, अंबाला शहर के बाजारों में रौनक बढ़ती जा रही है. सामान्य राखियों के साथ इस बार सोने और चांदी की राखियां लोगों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं. अंबाला के सराफा बाजार में एक से बढ़कर एक डिजाइन वाली राखियां तैयार की गई हैं, जिन्हें खरीदने के लिए लोग दूर-दूर से पहुंच रहे हैं. सराफा बाजार में इस बार राखियों की शुरुआत साधारण डिजाइन से लेकर ब्रेसलेट और चेन स्टाइल तक की गई है. कारीगरों ने सोने-चांदी की राखियों को इस तरह डिजाइन किया है कि ये सिर्फ रक्षाबंधन पर बांधने वाली राखी नहीं, बल्कि भाई की कलाई पर एक खास आभूषण की तरह भी नजर आएं. इन राखियों को तैयार करने का काम केवल त्योहार के आसपास नहीं, बल्कि काफी पहले से शुरू हो जाता है. ‘ॐ’ और ‘श्री राम’ लिखी राखी की काफी डिमांड है. स्वास्तिक वाली राखियां बहन भाइयों की लंबी आयु के लिए खरीद रही हैं.
‘भाई’, ‘भैया’ और ‘Brother’
लोकल 18 से सर्राफ विशाल वर्मा बताते हैं कि सोने की राखियां 3 ग्राम से 10 ग्राम तक के वजन में उपलब्ध हैं. इनमें ब्रेसलेट के साथ-साथ पतली चेन पर तैयार की गई राखियां भी ग्राहकों को पसंद आ रही हैं. चांदी की राखियों में भी इस बार डिजाइन की काफी वैरायटी देखने को मिल रही है. शेर की डिजाइन वाली राखी आकर्षण का केंद्र है. भगवान गणेश, ओम, स्वास्तिक और भगवान श्रीराम के नाम वाली राखियां भी बहनों की पसंद बनी हुई हैं. धार्मिक डिजाइन वाली राखियों को लोग शुभ मानते हुए खरीद रहे हैं. इस बार राखियों में नाम और शब्दों का ट्रेंड भी देखने को मिल रहा है. ‘भाई’, ‘भैया’ और ‘Brother’ लिखी हुई राखियां खासतौर पर तैयार की गई हैं. बच्चों के लिए कार्टून कैरेक्टर और अलग-अलग आकर्षक डिजाइन वाली राखियां बनाई गई हैं.
भाई भी खरीद रहे
व्यापारियों के अनुसार, बहनें अपने भाइयों के लिए कुछ अलग और यादगार खरीदना चाहती हैं, इसलिए सोने-चांदी की राखियों की मांग बनी हुई है. बहनों के साथ-साथ भाई भी अपनी बहनों के लिए चांदी के ब्रेसलेट खरीद रहे हैं. सर्राफा व्यापारी पंकज बताते हैं कि चांदी की राखियों की कीमत करीब 500 रुपये से शुरू होकर 10 हजार रुपये तक जा रही है. कुछ भारी डिजाइन की राखियां 10 ग्राम से ऊपर के वजन में भी तैयार की गई हैं. नगों के साथ ओम का डिजाइन, BMW कार के साइन, ‘Bro’ और फूलों के डिजाइन वाली राखियां भी ग्राहकों को आकर्षित कर रही हैं.
मंगा रहे दूसरे राज्य
व्यापारी पंकज के मुताबिक, चांदी के दाम बढ़ने के बावजूद राखियों की मांग में कमी नहीं आई है. ग्राहक अपनी पसंद और बजट के अनुसार अलग-अलग डिजाइन की राखियां खरीद रहे हैं. कुछ बहनें भाई का टीका करने के लिए चांदी की कटोरी और प्लेट भी खरीद रही हैं. यहां तैयार होने वाली राखियां केवल स्थानीय बाजार तक सीमित नहीं रहतीं, बल्कि कई दूसरे प्रदेशों में भी सप्लाई की जाती हैं.
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प्रियांशु को एक दशक से ज्यादा हो गए पत्रकारिता में. 2015 में भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC), दिल्ली से जर्नलिज्म की पढ़ाई पूरी कर अमर उजाला (प्रिंट, नोएडा ऑफिस) से अपने करियर की शुरुआत की. यहां लंबे समय तक हरिया…
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