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Gurgram Land scam: गुरुग्राम में 56 साल पहले मृत व्यक्ति के नाम से मिलती-जुलती पहचान वाले शख्स ने 2025 में जमीन की फर्जी रजिस्ट्री कराई. कोर्ट ने FIR के आदेश दिए. पीड़ित परिवार ने अधिकारियों की मिलीभगत का आरोप लगाया है. परिवार का आरोप है कि पुलिस ने केस दर्ज नहीं किया तो कोर्ट के आदेश पर केस दर्ज करना पड़ा.
हरियाणा के गुरुग्राम में जमीन की रजिस्ट्री से जुड़ा हैरान करने वाला मामला सामने आया है.
गुरुग्राम. हरियाणा के गुरुग्राम में जमीन की रजिस्ट्री से जुड़ा हैरान करने वाला मामला सामने आया है. करीब 56 साल पहले मृत व्यक्ति के नाम से मिलते-जुलते नाम वाले एक शख्स के जरिए 2025 में जमीन की रजिस्ट्री करा दी गई.मामला कोर्ट पहुंचा तो कोर्ट ने रजिस्ट्री को फर्जी मानते हुए FIR दर्ज करने के आदेश दिए हैं. पीड़ित परिवार का आरोप है इसमें तत्कालीन पटवारी से लेकर कई अधिकारियों की मिलीभगत है. सवाल यह भी है कि जमीन के कागज चमन लाल के नाम पर है तो आखिरकार तहसीलदार ने चमन राम को जमीन का मालिक कैसे दिखा दिया.
दरअसल विभाजन के समय चमनलाल का परिवार गुरुग्राम के पटौदी आया था, जहां सरकार की ओर से परिवार को रिहैबिलिटेशन लैंड दी गई थी. रिकॉर्ड के मुताबिक चमनलाल की दिसंबर 1970 में मौत हो चुकी थी. पीड़ित परिवार की महिला आरती मेहता ने बताया कि करीब 56 साल बाद, 2025 में कुछ भूमाफियाओं ने चमनलाल के नाम से मिलते-जुलते नाम वाले वाले व्यक्ति, जिसका नाम चमनराम बताया गया, उसे जमीन का मालिक दिखाया और जमीन किसी अन्य व्यक्ति को बेच दी गई. आरोप यह भी है कि इसके लिए फर्जी दस्तावेज तैयार किए गए और अधिकारियों की कथित मिलीभगत से रजिस्ट्री कराई गई.
मामले की जानकारी सामने आने के बाद पीड़ित पक्ष ने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया.अब गुरुग्राम पुलिस मामले की जांच कर रही है.पीड़ित पक्ष ने गुरुग्राम पुलिस से मांग की है कि जमीन की फर्जी रजिस्ट्री कराने वाले लोगों और भूमाफियाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए. साथ ही पूरे मामले में शामिल लोगों की भूमिका की जांच कर जमीन से जुड़े रिकॉर्ड और दस्तावेजों की भी पड़ताल की जाए. पीड़ित परिवार की
कोर्ट के कहने पर दर्ज किया केस
महिला आरती मेहता ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने केस दर्ज किया है. पहले तो केस भी दर्ज नहीं कर रहे थे.आरती कहती है कि सुबूते के आधार पर कोर्ट ने हमारी साइड ली और पुलिस चौकी में कोई सुनवाई नहीं हुई और कोर्ट ने अच्छा फैसला किया गया और आरोपियों की गिरफ्तारी हो और हमारी जमीन हमें दी जाए. वह कहती हैं उनके दादा का नाम चमन लाल था और ठगों ने परिवार के कई लोगों के नाम बदल दिए हैं.
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Vinod Kumar Katwal is a Senior journalist with over 14 years of experience across print and digital media. He currently serves as a Senior Correspondent at News 18 Hindi, leading Himachal Pradesh, Chandigarh an…
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