पाकिस्तान से पानीपत और अब कैंट पहुंची ऐतिहासिक हनुमान साधना, दशहरे पर निकलेगी भव्य शोभायात्रा

On: October 8, 2026 11:32 PM
Follow Us:

Ambala News: पानीपत की गलियों में दशहरे से पहले हनुमान जी के भव्य स्वरूप के साथ निकलने वाली ऐतिहासिक शोभायात्राएं दशकों से आस्था का केंद्र रही हैं. अब इस अनूठी और पावन परंपरा की गूंज अंबाला कैंट में भी सुनाई देगी. लालकुर्ती हनुमान भक्त मंडल के युवाओं की पहल पर पानीपत की तर्ज पर पहली बार अंबाला कैंट के सनातन धर्म मंदिर (लालकुर्ती बाजार) में हनुमान जी का विशेष स्वरूप स्थापित किया गया है. करीब दो साल से चल रहे युवाओं के प्रयास अब साकार हो चुके हैं. यह आयोजन सिर्फ एक धार्मिक अनुष्ठान भर नहीं है, बल्कि इसके तार देश विभाजन के समय पाकिस्तान से भारत पहुंची एक ऐतिहासिक धरोहर और श्रद्धा से जुड़े हैं.

विभाजन के दौर से जुड़ी है यह अनूठी परंपरा
मंडल के सदस्यों के अनुसार, देश के बंटवारे के समय पाकिस्तान के लैय्या गांव से नंदा परिवार हनुमान जी के स्वरूप की यह पावन धरोहर अपने साथ भारत लेकर आया था. आगे चलकर यह परंपरा पानीपत में स्थापित हुई और दशहरे से पहले हनुमान स्वरूप धारण करने व शोभायात्रा निकालने का सिलसिला शुरू हुआ. आज भी नंदा परिवार इस परंपरा को पूरी निष्ठा से निभाते हुए हनुमान जी के स्वरूप तैयार करता है.

अंग्रेज अफसर, सरहंद का दरिया और वह ऐतिहासिक चुनौती
हनुमान भक्त मंडल के सदस्य ओमप्रकाश ने बताया कि आजादी से पहले पाकिस्तान में सरहंद के पास अंग्रेज अधिकारियों ने दशहरा पर्व का अवकाश बंद कर दिया था. इस फैसले के विरोध में हिंदू समाज के लोग एकत्र होकर अंग्रेज अधिकारियों से मिले. उस दौरान एक अंग्रेज अधिकारी ने चुनौती देते हुए कहा, ‘यदि हनुमान ने 400 योजन समुद्र लांघा था, तो तुममें से कोई सरहंद के दरिया को पार करके दिखाए, तभी दशहरे की छुट्टी मिलेगी.’

उस समय एक सिद्ध पुरुष ने इस चुनौती को स्वीकार किया और एक व्यक्ति को तैयार किया. उस व्यक्ति को सिंदूर लगाया गया, 40 दिन के कड़े व्रत कराए गए और फिर उसने सरहंद दरिया को पार किया. इस घटना के बाद अंग्रेज अधिकारी ने दशहरे का अवकाश देना शुरू कर दिया और तभी से हनुमान स्वरूप बनने की परंपरा शुरू हुई. इसका उल्लेख सुंदरकांड के प्रसंगों की आस्था से भी जोड़ा जाता है. देश विभाजन के बाद यह स्वरूप पानीपत लाया गया और अब पानीपत से अंबाला कैंट पहुंचा है.

10 दिन का कठोर व्रत और कठिन साधना
22 सितंबर को स्वरूप स्थापना के बाद नवरात्रि से साधना का अगला चरण शुरू हो रहा है. पहले नवरात्र से तीन युवा माधव, अर्जुन और सोनू 10 दिन का कठिन व्रत रख रहे हैं. इनमें से माधव हनुमान जी का स्वरूप धारण करेंगे. सदस्य महिंदर रेखी ने बताया कि साधना के दौरान युवा मंदिर परिसर में ही रहेंगे और पूर्ण ब्रह्मचर्य का पालन करेंगे. इस दौरान जमीन या लकड़ी के तख्त पर सोना, नंगे पैर रहना, 24 घंटे में केवल एक बार अन्न ग्रहण करना और लाल लंगोट धारण करने जैसे नियमों का कड़ाई से पालन किया जाता है. युवा प्रतिदिन सुबह-शाम पूजा, आरती, हनुमान चालीसा का पाठ और भोग की परंपरा निभाएंगे. युवाओं का उद्देश्य नई पीढ़ी को इस ऐतिहासिक व धार्मिक परंपरा से जोड़ना है.

ऐसे तैयार होता है हनुमान जी का भव्य स्वरूप
मंडल के सदस्य दशमेश चंद्र ने बताया कि हनुमान जी का स्वरूप अपने आप में विशेष आकर्षण का केंद्र होता है. स्वरूप के मुकुट और चेहरे को तैयार करने में हल्की लकड़ी, पेपर मैश (कागज की कुट्टी), शीशे, गोटा और सुनहरी किनारियों का इस्तेमाल किया जाता है. चेहरे पर गहरा नारंगी और लाल सिंदूर लगाया जाता है, जिसके बाद गोटा-किनारी और शीशों से इसे भव्य व दिव्य रूप दिया जाता है.

20 अक्टूबर को निकलेगी भव्य शोभायात्रा
अंबाला कैंट में 18, 19 और 20 अक्टूबर को विशेष धार्मिक आयोजन होंगे. भोर में प्रभातफेरी निकाली जाएगी और नवमी के दिन दंडवत परिक्रमा की धार्मिक प्रक्रिया पूरी की जाएगी. इसके बाद 20 अक्टूबर की शाम करीब 4 बजे सनातन धर्म मंदिर से हनुमान जी के स्वरूप के साथ भव्य शोभायात्रा निकाली जाएगी, जिसमें लालकुर्ती सहित आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होंगे.

वैशाली वर्मा

वैशाली वर्मा पत्रकारिता क्षेत्र में पिछले 3 साल से सक्रिय है। इन्होंने आज तक, न्यूज़ 18 और जी न्यूज़ में बतौर कंटेंट एडिटर के रूप में काम किया है। अब मेरा हरियाणा में बतौर एडिटर कार्यरत है।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Follow Now

और पढ़ें

हरियाणाः BJP विधायक और 2 JE के बीच टकराव, बोले- MLA ने रंजिश में करवाया ट्रांसफर, सतपाल जाम्बा ने कहा-सस्पेंड करवाऊंगा

VIDEO:फरीदाबाद में वोट चोरी प्रोटेस्ट में कांग्रेस की दो महिला नेताओं ने एक-दूसरे को जड़े 7-8 थप्पड़

नवरात्रि में नहीं मिल रहा वैष्णो देवी का रिजर्वेशन, तो रेलवे ने कटरा के लिए चला दी स्‍पेशल ट्रेन, होंगे 12 स्‍टॉप

‘धक्का क्यों मार रही’, फरीदाबाद में वोट चोरी प्रोटेस्ट में थप्पड़बाजी, कांग्रेस की 2 महिला नेता भिड़ी, एक-दूसरे को जड़े 7-8 थप्पड़

गुरुग्राम के ताउ देवी लाल स्टेडियम में 3 दिन खड़ा रहा सीएम का चॉपर, प्रैक्टिस नहीं कर पाए खिलाड़ी, सरकार बोली-खराब हो गया था

रोहतक में प्रेमी जोड़े की कैसे की गई हत्या? संदीप और कविता ने दोस्त सेबीयर मंगवाई थी, कौन निकले हत्याकांड के आरोपी