कैथल. हरियाणा के कैथल शहर में करनाल रोड पर गांव नरड़ के पास देर रात हुए सड़क हादसे में तीन युवकों की दर्दनाक मौत हो गई. मृतकों में दो सगे भाई अभिषेक (29) और रक्षत (27) निवासी खुराना रोड, कैथल तथा कृष्ण कुमार (32) निवासी इंद्रा कॉलोनी, कलायत शामिल हैं.
जानकारी के अनुसार, बीती रात को तेज रफ्तार कार सड़क किनारे पेड़ से जा टकराई और चकनाचूर हो गई. हादसे में मारे गए अभिषेक और रक्षत कलायत के पूर्व विधायक भगत राम बाता के पड़पौते थे. सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और तीनों युवकों को नागरिक अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया. फिलहाल हादसे के कारणों का पता नहीं चल पाया है.
परिजनों के अनुसार, तीनों युवक किसी काम से करनाल गए हुए थे. रात करीब 11 बजे जब वे वापस लौट रहे थे, तो गांव नरड़ के पास उनकी कार हादसे का शिकार हो गई. टक्कर इतनी भीषण थी कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई. हादसे की सूचना मिलते ही परिवारों में चीख-पुकार मच गई. नागरिक अस्पताल में परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था.
नगर परिषद में काम करते थे दोनों भाई
अभिषेक और रक्षत कैथल नगर परिषद के अंतर्गत सुगम स्वच्छता कंपनी में कर्मचारी के रूप में कार्यरत थे. वहीं, कृष्ण कुमार मेहनत-मजदूरी करके अपने परिवार का पालन-पोषण करता था. रक्षत की करीब दो साल पहले शादी हुई थी और उसका एक बेटा है. कृष्ण कुमार के भी दो बेटे हैं. हादसे में तीनों युवकों की मौत से परिवारों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है.
इस हादसे ने अभिषेक और रक्षत के परिवार को गहरा सदमा दिया है. परिजनों के मुताबिक, दोनों भाइयों की मां कैंसर से पीड़ित हैं. अब परिवार में माता-पिता के साथ उनकी पत्नियां और बच्चे रह गए हैं. दोनों भाइयों की एक साथ मौत से परिवार के सामने भावनात्मक संकट के साथ भविष्य की चिंता भी खड़ी हो गई है.
पूर्व विधायक भगत राम बाता के पड़पौते थे दोनों युवक
अभिषेक और रक्षत कलायत के पूर्व विधायक भगत राम बाता के पड़पौते थे. भगत राम बाता वर्ष 1968 और 1972 में कांग्रेस पार्टी की ओर से कलायत विधानसभा क्षेत्र के विधायक रह चुके हैं. दोनों युवकों की असमय मौत की खबर से परिचितों और क्षेत्र में शोक का माहौल है.
पुलिस हादसे के कारणों की जांच में जुटी
डीएसपी रोहतास ने बताया कि हादसे के बाद तीनों युवकों के शव पोस्टमार्टम के लिए नागरिक अस्पताल लाए गए हैं. पुलिस टीम हादसे के कारणों का पता लगाने में जुटी है. जांच के बाद ही दुर्घटना की वास्तविक वजह स्पष्ट हो पाएगी.









