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Jind News: जींद में नाबालिग बच्चों की शादी को रोकने के लिए बाल विवाह निषेध अधिकारी लड़कियों के घर पहुंचे और परिजनों पर कानूनी कार्रवाई की बात कही. इसके अलावा बाल विवाह से होने वाले नुकसान की जानकारी भी दी, जिस पर परिजनों ने लिखित आश्वासन दिया कि अब वह बालिग होने पर ही अपने बच्चों का विवाह करेंगे.
जींद में बाल विवाह रुका
जींद: बाल विवाह निषेध अधिकारी कार्यालय टीम की सर्तकता से जिले के करसिंधु गांव में तीन नाबालिग बच्चों को वर-वधु बनने से बचाया गया. टीम ने बाल विवाह की सूचना पर तत्परता से कार्रवाई करते हुए नाबालिगों की शादी को रूकवाया और साथ ही परिजनों को विवाह न करने के लिए चेताया. इसके अलावा बाल विवाह से होने वाले नुकसान की जानकारी भी दी, जिस पर परिजनों ने लिखित आश्वासन दिया कि अब वह बालिग होने पर ही अपने बच्चों का विवाह करेंगे.
बाल विवाह निषेध अधिकारी को गुप्त सूचना मिली थी कि जिले के गांव करसिंधु में दो नाबालिग ल़डकियों की शादी करवाई जा रही है और बारात हिसार जिले के गांव मिर्जापुर से आने वाली है. इस पर कार्रवाई करते हुए रवि लोहान, महिला थाना से आरती, रीतु, नीलम, सुरेश, दीपक, विनोद व जस्ट राइट्स फॉर चिल्ड्रेन एवं एम् डी डी ऑफ इंडिया से जिला समन्वयक नरेंद्र शर्मा और VAC मनीष के साथ मौके पर हो रहे विवाह स्थल पर पहुंचे.
दोनों लड़कियां निकली नाबालिग
टीम द्वारा परिजनों से लड़कियों के जन्म से संबंधित कागजात मांगे तो परिजनों ने पहले तो काफी टाल-मटोल करने की कोशिश की और लड़कियों की उम्र पूरी होने की बात कही. मगर जब उन पर कड़ी कार्रवाई करने की बात कही गई तो लगभग तीन घंटे के बाद जो सबूत दिखाए गए, उसमें दुल्हन बनी दोनों लड़कियों की उम्र 18 वर्ष से कम पाई गई. इसके बाद दूल्हे बनकर आये दोनों लड़कों के जन्म से संबंधित कागजात की जांच की गई, तो एक दूल्हा भी 21 वर्ष से कम मिला.
लड़कियों के माता-पिता के अनपढ़ होने की कही बात
इसके बाद परिजनों द्वारा बताया गया कि दोनों लड़कियों के माता-पिता अनपढ़ हैं और उन्हें किसी कानून की कोई जानकारी नहीं है, इसलिए वह शादी का खर्चा बचाने के ऐसा कर रहे थे. इस पर परिजनों को समझाया गया कि तीनों बच्चे नाबालिग हैं, इसलिए आप उनके बालिग होने तक का इंतजार करें, ताकि कोई कानूनी बाधा न आए और बालिग होने के बाद शादी करने पर आपको सरकार द्वारा दी जाने वाली सरकारी योजनाओं का लाभ भी मिल सकेगा. इसके बावजूद भी अगर आप नाबालिग बच्चों की शादी करते हैं, तो आप सभी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
बिना शादी के लौटी बारात
इस पर दोनो परिवार सहमत हो गए और शादी को स्थगित कर दिया गया. इसके बाद परिजनों ने महिला संरक्षण एवं बाल विवाह निषेध विभाग के अधिकारियों को लिखित बयान दिया कि वह कानून की पालना करेंगे और बच्चों के बालिग होने पर ही उसकी शादी करेंगें. इसके बाद दोनों बारात बिना दुल्हनों के बैरंग लौट गई.











